अष्टभुजा धाम में टूटा श्रद्धा का रिकॉर्ड : आस्था के महासागर में डूबा अष्टभुजा धाम, महाअष्टमी पर 50 हजार श्रद्धालुओं ने किए मां के दर्शन

Mahashtami 2026 : महाअष्टमी पर नईगढ़ी बना आस्था का केंद्र,ब्रह्म मुहूर्त से ही गूंजा जयकारा, माता के दरबार में उमड़ा जनसैलाब

अष्टभुजा धाम में टूटा श्रद्धा का रिकॉर्ड : आस्था के महासागर में डूबा अष्टभुजा धाम, महाअष्टमी पर 50 हजार श्रद्धालुओं ने किए मां के दर्शन

राजेंद्र पयासी @ मऊगंज

शारदीय नवरात्रि की पावन महाअष्टमी पर मऊगंज जिले का ऐतिहासिक, पौराणिक एवं सिद्धपीठ माँ अष्टभुजा धाम नईगढ़ी आस्था के महासागर में डूबा नजर आया। भोर से पूर्व ही जब समूचा नगर निद्रा में लीन था, तब माँ के जयकारों से धाम का कोना-कोना गुंजायमान हो रहा था। "जय माँ अष्टभुजा" के तुमुल घोष के साथ रविवार को 50 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने माता रानी के दरबार में शीश नवाकर आशीर्वाद प्राप्त किया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार ऐसा दृश्य बरसों बाद देखने को मिला, मानो श्रद्धा का सैलाब ही उमड़ पड़ा हो। महाअष्टमी के पावन अवसर पर भोर 3 बजे से ही मंदिर के कपाट के बाहर श्रद्धालुओं की अंतहीन कतार लगनी प्रारंभ हो गई जो अविरल रूप से चलती रही।

इस महासमागम में केवल विंध्य अंचल ही नहीं, बल्कि रीवा, सीधी, सतना, प्रयागराज, वाराणसी सहित उत्तर प्रदेश और मध्यप्रदेश के दूर-दराज जिलों से हजारों भक्त खिंचे चले आए। सभी के मुख पर एक ही कामना थी - माँ के दिव्य स्वरूप के दर्शन और अपने घर-परिवार, अंचल तथा राष्ट्र की सुख-शांति, समृद्धि एवं कल्याण की प्रार्थना।

दर्शन-पूजन के उपरांत श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से सत्यनारायण भगवान की कथा का श्रवण किया, भजन-कीर्तन मंडलियों द्वारा प्रस्तुत भक्तिमय भजनों का रसपान किया और मेले का लुत्फ उठाया। कई परिवारों ने इस पावन तिथि को अपने बच्चों के मुंडन और कर्णछेदन जैसे सोलह संस्कारों के लिए चुना और मंदिर परिसर में निर्धारित स्थलों पर यह अनुष्ठान संपन्न कराए।

अष्टभुजा धाम ही नहीं, समूचा अंचल ही भक्तिमय हो उठा

अंचल के अन्य सिद्धपीठों - माँ जालपा धाम दूबी, बसदेईन माता वसिगड़ा देवी धाम में भी भोर से ही भक्तों की भीड़ लगी रही। मऊगंज जिला मुख्यालय से लेकर हनुमना, शाहपुर, खटखरी, पहाड़ी, नईगढ़ी, देवतालाब के कस्बाई और ग्रामीण अंचलों में जगह-जगह विराजीं माँ दुर्गा के पंडालों में श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर दिखाई दिए।

कन्या पूजन और महाप्रसाद का वितरण

महाअष्टमी के विशेष अनुष्ठान के तहत अष्टभुजा धाम में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विशेष हवन-पूजन किया गया। इसके पश्चात जगत जननी की प्रतीक नौ कन्याओं का पूजन कर उन्हें भोजन कराया गया, दक्षिणा और उपहार देकर देवी स्वरूपा कन्याओं से आशीर्वाद प्राप्त किया गया। इस दिव्य अनुष्ठान के उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जहाँ हजारों श्रद्धालुओं ने एक साथ बैठकर महाप्रसाद ग्रहण किया। इसी तरह जिले भर के सभी देवी पंडालों और मंदिरों में हवन, कन्या भोज और भंडारे का आयोजन कर महाअष्टमी का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।

मां के दरबार में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ने टेका माथा

 शारदीय नवरात्रि की पावन महाष्टमी पर मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष एवं देवतालाब के  विधायक  गिरीश गौतम अपने परिवार के साथ मां के धाम पहुंचे। शंखनाद और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उन्होंने भाव-विभोर होकर माता रानी के श्रीचरणों में शीश नवाया, चुनरी अर्पित की और विधिवत पूजा-अर्चना की।

इस अवसर पर उन्होंने अपने घर-परिवार की सुख-शांति के साथ-साथ अपने विधानसभा क्षेत्र और समूचे अंचल की समृद्धि, खुशहाली और मंगल की कामना करते हुए मां से आशीर्वाद प्राप्त किया।