PM मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 साल: CM डॉ. मोहन यादव ने गिनाईं योजनाएं, सुरक्षा से लेकर विकास तक के बड़े फैसले बताए
MP कैबिनेट की विशेष बैठक में मोदी सरकार की उपलब्धियों पर चर्चा: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बोले- BJP अपने दम पर सरकार नहीं बना सकती, ऐसा कहा जाता था
भोपाल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 साल पूरे होने के अवसर पर मध्य प्रदेश में 12 अक्टूबर, सोमवार को कैबिनेट की विशेष बैठक आयोजित की गई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसके बाद सीएम आवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश में हुए बदलावों और केंद्र सरकार की उपलब्धियों की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि एक समय देश में यह धारणा बन गई थी कि गठबंधन के बिना केंद्र में सरकार बनाना संभव नहीं है। भाजपा के बारे में भी कहा जाता था कि वह अपने दम पर सरकार नहीं बना सकती। ऐसे माहौल में 2014 में नरेंद्र मोदी का पूर्ण बहुमत के साथ प्रधानमंत्री बनना भारतीय राजनीति का बड़ा बदलाव था।
2014 में पूर्ण बहुमत की सरकार बनने को बताया ऐतिहासिक
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 1984 के लोकसभा चुनाव के बाद करीब 25 सालों तक केंद्र की राजनीति में गठबंधन सरकारों का प्रभाव रहा। 1989 से 2013 तक देश में गठबंधन की राजनीति प्रमुख रही। ऐसे समय में भाजपा ने नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया और 2014 के चुनाव में पार्टी को पूर्ण बहुमत मिला।

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री के राजनीतिक सफर का उल्लेख करते हुए कहा कि नरेंद्र मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में अपनी पहचान बनाई और इसके बाद राष्ट्रीय राजनीति में भी मजबूत नेतृत्व दिया। उनके अनुसार, जनता का विश्वास और नेतृत्व के प्रति पार्टी की प्रतिबद्धता इस राजनीतिक बदलाव के प्रमुख कारण रहे।
गरीबों और महिलाओं के लिए योजनाओं का किया जिक्र
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में गरीबों, महिलाओं, किसानों और युवाओं के लिए कई योजनाएं शुरू की गईं। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत करीब 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन उपलब्ध कराने, जनधन योजना, मुद्रा योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, जल जीवन मिशन और पीएम स्वनिधि जैसी योजनाओं का उन्होंने उल्लेख किया।
स्वास्थ्य के क्षेत्र में आयुष्मान भारत योजना के तहत पात्र लोगों को सालाना 5 लाख रुपये तक के इलाज की सुविधा और प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि केंद्रों के जरिए सस्ती जेनेरिक दवाएं उपलब्ध कराने को भी महत्वपूर्ण बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य आम लोगों को सुविधाएं देना और उनके जीवन स्तर में सुधार करना है।
GST, डिजिटल भुगतान और नई तकनीक पर जोर
सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि GST, नोटबंदी, नीति आयोग का गठन, प्रगति मंच और पीएम गतिशक्ति जैसी पहलों से शासन और आर्थिक व्यवस्था में बदलाव आया है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के जरिए कारोबार को आसान बनाने की दिशा में भी काम हुआ है।

उन्होंने डिजिटल इंडिया और UPI का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत ने डिजिटल भुगतान के क्षेत्र में वैश्विक पहचान बनाई है। मुख्यमंत्री ने सेमीकंडक्टर मिशन, राष्ट्रीय क्वांटम मिशन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस मिशन को भविष्य की तकनीक के लिहाज से अहम बताया। उनके अनुसार, देश में दो लाख से अधिक स्टार्टअप युवाओं को कारोबार और रोजगार के नए अवसर दे रहे हैं।
सुरक्षा के क्षेत्र में धारा 370 और ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर कहा कि धारा 370 हटाना एक ऐतिहासिक फैसला था। उन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक, बालाकोट एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए कहा कि इन कदमों से आतंकवाद के खिलाफ भारत की कार्रवाई करने की क्षमता सामने आई है।
उन्होंने तीन तलाक खत्म करने और नई न्याय संहिता जैसे कदमों का भी जिक्र किया। मुख्यमंत्री के मुताबिक, सरकार कानूनों को प्रभावी ढंग से लागू करने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दे रही है। उन्होंने मध्य प्रदेश में जनविश्वास अधिनियम के माध्यम से करीब 900 अनुपयोगी कानूनों को समाप्त करने की दिशा में उठाए गए कदमों की जानकारी भी दी।
शिक्षा, खेल और अंतरिक्ष में भारत की उपलब्धियां
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 को शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की दिशा में महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि अब खेलों को भी शिक्षा का अहम हिस्सा माना जा रहा है। भारतीय खिलाड़ियों के बेहतर प्रदर्शन और क्रिकेट में देश की बढ़ती ताकत का उल्लेख करते हुए उन्होंने इसे युवाओं को मिल रहे अवसरों का परिणाम बताया।
मुख्यमंत्री ने चंद्रयान जैसे अंतरिक्ष अभियानों की सफलता और वैज्ञानिकों के मनोबल का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि किसी मिशन में असफलता मिलने पर वैज्ञानिकों को निराश करने के बजाय उनका समर्थन करना चाहिए, ताकि वे कमियों को दूर करके आगे सफलता हासिल कर सकें।
राम मंदिर, महाकाल लोक और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सांस्कृतिक विरासत के क्षेत्र में अयोध्या के श्रीराम मंदिर, काशी विश्वनाथ धाम और उज्जैन के श्री महाकाल महालोक का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बेहतर सुविधाओं और धार्मिक स्थलों के विकास से पर्यटन को बढ़ावा मिला है।

मुख्यमंत्री के अनुसार, उज्जैन में श्रद्धालुओं की संख्या में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने पिछले वर्ष करीब 13 करोड़ लोगों के आने का उल्लेख किया और इस वर्ष मध्य प्रदेश में 20 करोड़ पर्यटकों के आगमन का लक्ष्य बताया।
मध्य प्रदेश को मिलीं बड़ी परियोजनाएं
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से मध्य प्रदेश में विकास कार्यों को गति मिली है। उन्होंने केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजना, पार्वती-कालीसिंध-चंबल नदी जोड़ो परियोजना और तापी बेसिन से जुड़ी परियोजनाओं का उल्लेख किया। प्रदेश में नक्सलवाद से मुक्ति को भी उन्होंने बड़ी उपलब्धि बताया।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश को चीता स्टेट के रूप में पहचान मिली है। भोपाल और इंदौर में मेट्रो रेल के संचालन सहित भोपाल के रानी कमलापति रेलवे स्टेशन की आधुनिक सुविधाओं को भी प्रदेश के विकास से जुड़ी उपलब्धियों में शामिल किया।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताए गए अन्य प्रमुख मुद्दे
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने संबोधन में इन विषयों का भी उल्लेख किया:
- महिला सशक्तिकरण: नारी शक्ति वंदन अधिनियम के जरिए संसद और विधानसभाओं में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की पहल।
- ऊर्जा सुरक्षा: रिफाइनरी और ऊर्जा बुनियादी ढांचे के विकास पर जोर।
- वंदे मातरम्: राष्ट्रीय गीत के 150 साल पूरे होने को गौरव का विषय बताया।
- कानून व्यवस्था: केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा राज्यों में कानूनों के क्रियान्वयन की समीक्षा का उल्लेख।
- बुनियादी सुविधाएं: पीएम आवास योजना, जल जीवन मिशन और आधुनिक परिवहन परियोजनाओं को विकास के लिए अहम बताया।
कैबिनेट की विशेष बैठक और उसके बाद हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 साल के सार्वजनिक जीवन को राजनीतिक नेतृत्व, जनकल्याणकारी योजनाओं, राष्ट्रीय सुरक्षा, तकनीक और बुनियादी ढांचे में बदलाव से जोड़कर पेश किया। हालांकि, इन उपलब्धियों और योजनाओं का उल्लेख मुख्यमंत्री के संबोधन में किया गया; बैठक में किसी नए कैबिनेट प्रस्ताव को मंजूरी दिए जाने की अलग से जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई।
Varsha Shrivastava 
