गुना में फसल की आड़ में उगा रखा था गांजा: पुलिस ने जब्त किए 299 पौधे, आरोपी गिरफ्तार

बरखेड़ा ढेकनी में कैंट थाना पुलिस की दबिश, 131 किलो से ज्यादा वजन के 299 पौधे मिले, 7.040 किलो सूखा गांजा भी बरामद; करीब 3 लाख रुपये का माल जब्त

गुना में फसल की आड़ में उगा रखा था गांजा: पुलिस ने जब्त किए 299 पौधे, आरोपी गिरफ्तार

गुना से गौरव शर्मा की रिपोर्ट।

गुना। जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कैंट थाना पुलिस ने ग्राम बरखेड़ा ढेकनी में गांजे की कथित अवैध खेती का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने खेत में अन्य फसलों की आड़ में लगाए गए गांजे के 299 पौधे और 7.040 किलोग्राम सूखा गांजा बरामद किया है। जब्त मादक पदार्थ की कुल अनुमानित कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई गई है। मामले में पुलिस ने 39 वर्षीय पहलवान सिंह यादव को गिरफ्तार कर NDPS एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया है।

मुखबिर की सूचना पर खेत में दी दबिश

पुलिस के अनुसार, 27 अक्टूबर 2026 की शाम मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम बरखेड़ा ढेकनी निवासी पहलवान सिंह यादव ने अपने खेत में दूसरी फसल के बीच गांजे के पौधे लगा रखे हैं। सूचना मिलते ही कैंट थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। खेत के पास बने घर पर मिले व्यक्ति ने अपना नाम पहलवान सिंह यादव, निवासी ग्राम बरखेड़ा ढेकनी, थाना कैंट, जिला गुना बताया।

299 पौधे, वजन 131.440 किलो

खेत की तलाशी के दौरान पुलिस को गांजे के हरे पौधे और चार कटे हुए सूखे पौधे मिले। कार्रवाई के दौरान कुल 299 पौधे बरामद किए गए, जिनमें 295 हरे और चार सूखे पौधे शामिल हैं। इनका कुल वजन 131.440 किलोग्राम पाया गया। इसके अलावा एक पॉलीथिन में रखा 7.040 किलोग्राम सूखा गांजा भी जब्त किया गया।

एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज

पुलिस ने बरामद गांजे के पौधों और सूखे गांजे को जब्त कर आरोपी को गिरफ्तार किया। कैंट थाने में अपराध क्रमांक 994/26 के तहत धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक हितिका वासल के नेतृत्व, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन और सीएसपी सैफा हासमी के पर्यवेक्षण में की गई।

इस कार्रवाई में कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक अनूप कुमार भार्गव सहित थाने के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका रही। गुना पुलिस का कहना है कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की खेती, उत्पादन, परिवहन और बिक्री के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा।