हिमाचल और तेलंगाना में भूकंप के झटके: चंबा में 3.2 तो नारायणपेट में 2.5 रही तीव्रता
हिमाचल प्रदेश के चंबा और तेलंगाना के नारायणपेट में शुक्रवार सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। चंबा में 3.2 और नारायणपेट में 2.5 तीव्रता दर्ज हुई।
Earthquake News : देश के दो अलग-अलग राज्यों में शुक्रवार सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। हिमाचल प्रदेश के चंबा और तेलंगाना के नारायणपेट में आए इन भूकंपों की तीव्रता कम रही। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (NCS) के मुताबिक, दोनों घटनाओं में फिलहाल किसी तरह के जान-माल के नुकसान या संपत्ति को नुकसान की सूचना नहीं है।
तेलंगाना के नारायणपेट में 2.5 तीव्रता का भूकंप
NCS के अनुसार, तेलंगाना के नारायणपेट में सुबह 6 बजकर 16 मिनट 46 सेकंड पर भूकंप आया। इसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 2.5 दर्ज की गई। भूकंप का केंद्र जमीन के करीब 5 किलोमीटर नीचे था। इस भूकंप का केंद्र 16.452 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 77.414 डिग्री पूर्वी देशांतर पर दर्ज किया गया।
चंबा में 3.2 तीव्रता के झटके
हिमाचल प्रदेश के चंबा में शुक्रवार सुबह 6 बजकर 59 मिनट 46 सेकंड पर भूकंप के झटके महसूस किए गए। NCS के मुताबिक, यहां भूकंप की तीव्रता 3.2 मापी गई।
चंबा में आए भूकंप का केंद्र जमीन से करीब 15 किलोमीटर नीचे था। इसका स्थान 32.719 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 76.123 डिग्री पूर्वी देशांतर पर दर्ज किया गया। कम तीव्रता के इन दोनों भूकंपों के बाद अभी तक किसी तरह के बड़े नुकसान की जानकारी सामने नहीं आई है।
क्यों आता है भूकंप?
पृथ्वी की बाहरी सतह भले ही ठोस दिखाई देती है, लेकिन इसके अंदर कई परतें मौजूद हैं। पृथ्वी की मुख्य परतों में इनर कोर, आउटर कोर, मैंटल और क्रस्ट शामिल हैं।
पृथ्वी की ऊपरी कठोर परत कई हिस्सों में बंटी हुई है, जिन्हें टेक्टोनिक प्लेट्स कहा जाता है। ये प्लेटें लगातार बेहद धीमी गति से अपनी जगह बदलती रहती हैं।
जब इन प्लेटों के बीच टकराव होता है, वे एक-दूसरे के ऊपर या नीचे खिसकती हैं या एक-दूसरे से दूर जाती हैं, तो जमीन के अंदर तनाव पैदा होता है। यह तनाव जब अचानक ऊर्जा के रूप में बाहर निकलता है, तो धरती की सतह पर कंपन होने लगता है। इसी प्राकृतिक घटना को भूकंप कहा जाता है।



