मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा : 25 सितंबर से शुरू होगी , 351 बसों को हरी झंडी दिखाएंगे CM
Mukhyamantri Sugam Parivahan Seva : मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी बसों को हरी झंडी दिखाकर प्रदेशवासियों को सौगात देंगे।
Mukhyamantri Sugam Parivahan Seva : भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार की शाम गोविंदपुरा क्षेत्र में स्थित दशहरा मैदान पहुंचकर शुक्रवार को होने वाले सुगम परिवहन सेवा के शुभारंभ कार्यक्रम की तैयारी का जायजा लिया। प्रदेश में शहरों-गांवों में डायरेक्ट बस कनेक्टिविटी की शुरुआत के शुभारंभ का कार्यक्रम भव्य रूप में होगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी बसों को हरी झंडी दिखाकर प्रदेशवासियों को सौगात देंगे। मध्यप्रदेश के नागरिकों को सुलभ, सुरक्षित, आधुनिक, पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा प्रदेश सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है। परिवहन विभाग की ‘मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा’ का 25 सितंबर 2026 को शुभारंभ होगा।
21 साल बाद पुनः लोक परिवहन बस सेवा शुरू
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश के लिए कल का दिन ऐतिहासिक रहने वाला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के जन्मोत्सव से 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलने वाले सेवा संकल्प सप्ताह और पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती के अवसर पर मध्यप्रदेश सरकार 21 साल बाद पुनः लोक परिवहन बस सेवा शुरू करने जा रही है।
यह एक आधुनिक और यूनिक मॉडल होगा, जिसमें ई-बसों सहित विभिन्न प्रकार की बस सेवाओं को चरणबद्ध रूप से हर नगर और हर जिले तक पहुंचाया जाएगा। यात्रियों की सुविधा के लिए बस स्टॉप, बस स्टैंड और आधुनिक इलेक्ट्रॉनिक संसाधनों के साथ बेहतर कंट्रोलिंग व्यवस्था विकसित की जाएगी।

सिटी बसों से लेकर राज्य के भीतर और दूसरे राज्यों के लिए लग्जरी बस सेवाएं भी शुरू होंगी। इससे प्रदेश के प्रमुख शहरों के साथ देश के प्रमुख तीर्थस्थलों और महानगरों तक आवागमन सुगम होगा। मध्यप्रदेश में मेट्रो सेवा की शुरुआत के बाद सड़क परिवहन के क्षेत्र में लोक परिवहन बस सेवा का पुनः शुभारंभ एक महत्वपूर्ण कदम है।
हमारी सरकार ने बिजली, पानी, सड़क और ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया है, अब सुगम यातायात की सुविधा को भी विस्तार दिया जा रहा है। इस अवसर पर केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी हमारे साथ उपस्थित रहेंगे। मैं भोपाल और मध्यप्रदेश की जनता की ओर से उनका स्वागत करता हूं। यह निर्णय प्रदेश की जनता के लिए सुविधा, कनेक्टिविटी और बेहतर आवागमन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
दशहरा मैदान में आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम
भोपाल के दशहरा मैदान में आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुरुआती चरण में 351 बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। प्रदेश सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के विभिन्न शहरों के बीच कनेक्टिविटी को मजबूत करना, दैनिक यात्रियों को राहत पहुंचाना और पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देना है। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा अंतर्गत प्रदेश में लगभग 1500 बसें चलना शुरू हो जाएंगी।

दो श्रेणियों में शुरू होंगी बस सेवाएं
कार्यक्रम के दौरान 351 बसों को एक साथ हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा। इसे दो श्रेणियों में विभाजित किया गया है। इसमें 120 इंटरसिटी बसें हैं। ये बसें दो या दो से अधिक शहरों के बीच आवागमन को सुगम और तीव्र बनाएंगी। 231 इंट्रासिटी बसें शहरों के भीतर नागरिकों को सुरक्षित, सुलभ और सस्ती यात्रा सुविधा प्रदान करेंगी।

7 शहरों के लिए 351 बसों की सौगात
मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा अंतर्गत प्रथम चरण में प्रदेश के 7 प्रमुख शहरों की बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा। इसमें इदौर, भोपाल, जबलपुर, रीवा, देवास, कटनी और भिंड शामिल है। इंदौर में 145 बस, जिसमें 50 इंटरसिटी, 95 इंट्रासिटी, भोपाल के लिए 106 बसें, जिसमें 23 इंटरसिटी, 83 इंट्रासिटी, जबलपुर के लिए 67 बसें, जिसमें 14 इंटरसिटी, 53 इंट्रासिटी। रीवा की 18 इंटरसिटी बस, देवास की 10 इंटरसिटी बस, कटनी की 3 और भिंड की 2 इंटरसिटी बस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा।

15 हजार सार्वजनिक बसें की जाएंगी संचालित
मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के अंतर्गत साल 2031 तक 75 प्रतिशत ग्राम पंचायतों को बस सेवा से जोड़कर ग्रामीण कनेक्टिविटी को नई मजबूती दी जाएगी। प्रदेशभर में लगभग 15,000 से अधिक आधुनिक सार्वजनिक बसें संचालित की जाएंगी। इससे प्रतिदिन 30 लाख से ज्यादा यात्रियों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा प्रदान होगी। साथ ही 180 से अधिक आधुनिक बस स्टैंड्स, टर्मिनल्स और डिपो का कायाकल्प किया जाएगा।

इलेक्ट्रिक बसों पर विशेष जोर, ITMS से निगरानी
प्रदेश सरकार द्वारा पर्यावरण संरक्षण और कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने के उद्देश्य से स्वच्छ ईंधन और इलेक्ट्रिक बसों के विस्तार पर विशेष जोर दिया जाएगा। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के अंतर्गत संचालित बसों की निगरानी इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) के माध्यम से की जाएगी। इसके लिए मध्यप्रदेश यात्री परिवहन एण्ड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (MPYPIL) एवं उसकी 7 सहायक कंपनियों में अत्याधुनिक कमांड-कंट्रोल सेंटर स्थापित किए गए हैं।

इन सेंटरों के माध्यम से बसों के संचालन, लोकेशन, समयबद्धता और अन्य महत्वपूर्ण गतिविधियों की रियल टाइम निगरानी सुनिश्चित की जाएगी। इसके साथ ही सार्वजनिक बसों में महिला और बाल सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। इससे यात्री परिवहन व्यवस्था अधिक सुरक्षित, सुगम, पारदर्शी और प्रभावी बनाने में भी मदद मिलेगी।

सभी बसों को 07 सीसीटीवी कैमरों, पैनिक बटन और रियल-टाइम व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग (VLTD) सिस्टम से लैस किया जा रहा है। इसके अलावा, पैसेंजर इंफॉर्मेशन सिस्टम (PIS), ड्राइवरों की तकनीकी ट्रेनिंग और त्वरित शिकायत निवारण तंत्र के जरिए सुरक्षित एवं समयबद्ध यात्रा सुनिश्चित की जाएगी।

पीपीपी मॉडल के जरिए निजी ऑपरेटरों की सशक्त भागीदारी
जन-निजी भागीदारी (PPP) को गति देने के लिए पारदर्शी अनुबंध प्रणाली और प्रोत्साहन योजनाएं लागू की जाएगी। इस मॉडल से निजी बस ऑपरेटरों को राजस्व रिसाव रोकने, नॉन-फेयर रेवेन्यू (जैसे विज्ञापन व कार्गो सेवाएं) बढ़ाने और आधुनिक डिपो और टर्मिनलों के उपयोग की सुविधाएं मिलेंगी साथ ही प्रशासन का पूर्ण सहयोग भी मिलेगा।

परिवहन क्षेत्र में रोजगार और निवेश को मिलेगा बढ़ावा
प्रदेश में सुगम यात्री परिवहन सेवा शुरू होने से परिवहन क्षेत्र में रोजगार और निवेश को बढ़ावा मिलेगा। यात्री परिवहन के विस्तार से प्रदेश में बस संचालन, वाहन निर्माण, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, तकनीकी सेवाओं और अन्य संबद्ध क्षेत्रों में निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी। इससे परिवहन क्षेत्र से जुड़े उद्योगों को प्रोत्साहन मिलने के साथ युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।



