रीवा की स्वास्थ्य व्यवस्था में जिला प्रशासन की बड़ी कार्रवाई : आयुष्मान अस्पताल में कलेक्टर - SP की अचानक दबिश
Ayushman Hospital : कलेक्टर ने इसे रूटीन जांच बताया है, लेकिन सवाल यह है कि आखिर रूटीन जांच के लिए जिला प्रशासन के इतने बड़े अधिकारी एक ही अस्पताल में अचानक क्यों पहुंचे?
Ayushman Hospital : मध्य प्रदेश। रीवा में स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर जिला प्रशासन एक्शन मोड में नजर आया। आयुष्मान योजना से जुड़े एक अस्पताल में जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक अचानक पहुंच गए। उनकी मौजूदगी से अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया। निजी अस्पतालों में भी इस कार्रवाई की चर्चा तेज हो गई है।
कलेक्टर ने बताया रूटीन जांच
कलेक्टर ने इस दौरे को रूटीन जांच बताया है लेकिन सवाल उठ रहे हैं कि सामान्य जांच के लिए जिला प्रशासन के दो बड़े अधिकारी एक साथ एक ही अस्पताल में अचानक क्यों पहुंचे। क्या अस्पताल में आयुष्मान योजना के तहत मरीजों के इलाज, दस्तावेजों या भुगतान को लेकर कोई शिकायत मिली थी। या फिर प्रशासन को अस्पताल की व्यवस्थाओं के बारे में पहले से कोई जानकारी थी। इन सवालों के जवाब अभी सामने नहीं आए हैं।

एसपी की मौजूदगी ने बढ़ाए सवाल
सबसे बड़ा सवाल यह है कि अगर यह सिर्फ रूटीन जांच थी तो कलेक्टर के साथ पुलिस अधीक्षक की जरूरत क्यों पड़ी। क्या स्वास्थ्य सेवाओं के अलावा किसी अन्य मामले की भी जांच चल रही थी। रीवा में निजी अस्पतालों में आयुष्मान योजना के तहत इलाज और सरकारी भुगतान को लेकर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में जिला प्रशासन की यह कार्रवाई स्वास्थ्य व्यवस्था की निगरानी को लेकर बड़ा संदेश दे रही है।

निजी अस्पतालों में मचा हड़कंप
कार्रवाई की खबर फैलते ही शहर के निजी अस्पतालों में हड़कंप मच गया। कई अस्पताल प्रबंधन सतर्क हो गए हैं। आयुष्मान योजना से जुड़े अस्पतालों में मरीजों के दस्तावेज, इलाज की गुणवत्ता और भुगतान प्रक्रिया को लेकर जांच की आशंका बढ़ गई है। प्रशासन की यह अचानक पहुंच स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता बढ़ाने का संकेत मानी जा रही है।

जांच पूरी होने का इंतजार
अब देखने वाली बात यह होगी कि जांच में क्या सामने आता है। क्या वास्तव में यह सिर्फ रूटीन जांच थी या प्रशासन के पास आयुष्मान अस्पताल को लेकर कोई गंभीर शिकायत या इनपुट था।


