धार में लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई: जिला परियोजना समन्वयक 1 लाख रिश्वत लेते गिरफ्तार
17 लाख रुपये की रिश्वत मांगने वाला अधिकारी लोकायुक्त ट्रैप में पकड़ा गया, पहली किश्त लेते धराया
धार। जिले में लोकायुक्त संगठन मध्यप्रदेश की इंदौर इकाई ने रविवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला शिक्षा केन्द्र धार में पदस्थ जिला परियोजना समन्वयक प्रदीप कुमार खरे को 1 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत कार्रवाई की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता दिलीप साधव जिला शिक्षा केन्द्र धार में प्रभारी सहायक यंत्री के पद पर कार्यरत हैं। समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले के विभिन्न शासकीय विद्यालय परिसरों में 122 शौचालयों के निर्माण के लिए करीब 3 करोड़ 42 लाख रुपये स्वीकृत हुए थे। इन निर्माण कार्यों की निगरानी और सुपरविजन की जिम्मेदारी शिकायतकर्ता के पास थी।
ट्रैप टीम का गठन, रंगे हाथ पकड़ा
आरोप है कि निर्माण कार्य पूर्ण होने से पहले ही जिला परियोजना समन्वयक प्रदीप कुमार खरे ने कार्य पूर्णता प्रमाण पत्र पर हस्ताक्षर करने के एवज में 5 प्रतिशत कमीशन की मांग की। यह राशि करीब 17 लाख रुपये बताई गई। शिकायतकर्ता ने इसकी शिकायत राजेश सहाय से की थी।
लोकायुक्त पुलिस ने शिकायत का सत्यापन कराया, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद 18 मई 2026 को ट्रैप टीम का गठन किया गया। कार्रवाई के दौरान आरोपी को रिश्वत की पहली किश्त के रूप में 1 लाख रुपये लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया गया। इस कार्रवाई में सचिन पटेरिया, आशीष शुक्ला सहित लोकायुक्त की विशेष टीम शामिल रही।
Varsha Shrivastava 
