मोती मस्जिद चौराहे की बैरिकेडिंग के विरोध में भोपाल बंद, व्यापारियों ने किया प्रदर्शन

भोपाल के मोती मस्जिद चौराहे पर बैरिकेडिंग के विरोध में व्यापारियों ने बाजार बंद कर प्रदर्शन किया। व्यापारियों ने कहा कि बैरिकेडिंग से कारोबार प्रभावित हो रहा है और इसे तत्काल हटाया जाए।

मोती मस्जिद चौराहे की बैरिकेडिंग के विरोध में भोपाल बंद, व्यापारियों ने किया प्रदर्शन

भोपाल। भोपाल के पुराने शहर में मोती मस्जिद चौराहे पर की गई बैरिकेडिंग को लेकर व्यापारियों का विरोध तेज हो गया है. व्यापार प्रभावित होने से नाराज अलग-अलग व्यापारी संगठनों ने शुक्रवार को अपनी दुकाने बंद कर धरना-प्रदर्शन किया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. व्यापारियों ने बैरिकेडिंग को तत्काल हटाने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन और तेज किया जाएगा.

तिरंगा और तख्तियां लेकर सड़क पर उतरे व्यापारी

मोती मस्जिद चौराहे पर बड़ी संख्या में व्यापारी हाथों में तिरंगा और विरोध प्रदर्शन की तख्तियां लेकर पहुंचे. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि बैरिकेडिंग के कारण पुराने शहर के प्रमुख बाजारों तक पहुंचना मुश्किल हो गया है, जिससे कारोबार पर सीधा असर पड़ रहा है.

चौक बाजार समेत कई प्रमुख बाजारों का कारोबार प्रभावित

व्यापारियों का कहना है कि बैरिकेडिंग के चलते चौक बाजार, लखेरापुरा, सराफा, जुमेराती और बुधवारा जैसे प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों तक पहुंचने के लिए लोगों को लंबा चक्कर लगाना पड़ रहा है. खासतौर पर भोज सेतु की ओर से आने वाले वाहन सीधे बाजार तक नहीं पहुंच पा रहे हैं, जिससे ग्राहकों और व्यापारियों दोनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

आग की घटना का दिया हवाला

प्रदर्शन के दौरान व्यापारियों ने 1 अगस्त को चौक बाजार में लगी आग का भी उल्लेख किया. उनका कहना था कि उस समय बैरिकेडिंग के कारण दमकल वाहनों को घटनास्थल तक पहुंचने में काफी दिक्कत हुई, जिससे राहत कार्य प्रभावित हुआ.

कई व्यापारी संगठन हुए शामिल

प्रदर्शन में भोपाल व्यापारी महासंघ, सराफा एसोसिएशन, वस्त्र व्यवसायी संघ सहित कई व्यापारी संगठनों ने हिस्सा लिया. सभी संगठनों ने एक स्वर में कहा कि शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने के नाम पर व्यापार और आम नागरिकों की सुविधा से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा.

प्रशासन को दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी

व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की कि स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए बैरिकेडिंग हटाई जाए और इसके स्थान पर कोई वैकल्पिक यातायात व्यवस्था लागू की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और उग्र किया जाएगा.