Clean Air Survey 2026 : रायपुर की बड़ी छलांग, सबसे साफ हवा वाले शहरों में रायपुर छठवें नंबर पर
Clean Air Survey 2026 : रायपुर में हवा में मौजूद PM-10 का स्तर पिछले कुछ वर्षों में कम हुआ है। 2022-23 में PM-10 का स्तर 78 µg/m³ था, जो 2025-26 में यह घटकर 64 µg/m³ रह गया।
Clean Air Survey 2026 : छत्तीसगढ़। रायपुर की हवा को लेकर अच्छी खबर सामने आई है। स्वच्छ वायु सर्वेक्षण-2026 में 10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों की श्रेणी में रायपुर ने देश में छठा स्थान हासिल किया है। शहर को कुल 189 अंक मिले हैं। रैंकिंग के साथ रायपुर के वायु प्रदूषण के स्तर में भी सुधार दर्ज किया गया है। खासतौर पर PM-10 के स्तर में कमी आई है।
PM-10 के स्तर में करीब 18% की गिरावट
रायपुर में हवा में मौजूद PM-10 का स्तर पिछले कुछ वर्षों में कम हुआ है। 2022-23 में PM-10 का स्तर 78 µg/m³ दर्ज किया गया था। 2025-26 में यह घटकर 64 µg/m³ रह गया। यानी इस अवधि में करीब 18 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। PM-10 में कमी को शहर की वायु गुणवत्ता में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।

2020-21 में प्रदूषण का स्तर था कम
आंकड़ों के अनुसार, रायपुर में PM-10 का स्तर 2020-21 में 55 µg/m³ तक पहुंच गया था। इसके बाद प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ा और 2022-23 में यह 78 µg/m³ हो गया। इसके बाद शहर में दोबारा सुधार देखने को मिला। पिछले तीन वर्षों में PM-10 के स्तर में लगातार कमी दर्ज की गई है।
सड़क की धूल कम करने पर जोर
वायु प्रदूषण को कम करने के लिए रायपुर नगर निगम सड़क की धूल पर नियंत्रण करने की कोशिश कर रहा है। निगम के अनुसार करीब 100 किलोमीटर सड़कों पर पैच रिपेयर का काम किया गया है। इसके अलावा सात मशीनों के जरिए रोजाना करीब 150 किलोमीटर सड़कों की मैकेनिकल स्वीपिंग की जा रही है। इसका उद्देश्य सड़कों पर जमा धूल को हटाना है। सड़क की धूल हवा में PM-10 बढ़ाने वाले प्रमुख कारणों में शामिल है।
26 हजार से ज्यादा ई- वाहन सड़कों पर
रायपुर में प्रदूषण कम करने के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। नगर निगम के आंकड़ों के मुताबिक शहर में करीब 26,254 ई-वाहन मौजूद हैं। इन वाहनों को चार्ज करने के लिए 30 ई-व्हीकल चार्जिंग स्टेशन भी बनाए गए हैं। इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या बढ़ने से पेट्रोल और डीजल से होने वाले प्रदूषण को कम करने में मदद मिल सकती है।
42 हजार पौधे लगाए गए
शहर में हरियाली बढ़ाने के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 में करीब 42 हजार पौधे लगाए गए। इनमें तीन एकड़ क्षेत्र में विकसित किया गया मियावाकी प्लांटेशन भी शामिल है। इस क्षेत्र में करीब 23 हजार पौधे लगाए गए हैं। नगर निगम के अनुसार, इनमें से 91.30 प्रतिशत पौधे अभी जीवित हैं। हरित क्षेत्र बढ़ाने को भी वायु प्रदूषण कम करने की कोशिशों का हिस्सा माना जा रहा है।
वार्ड स्तर पर भी रायपुर को मिली जगह
स्वच्छ वायु सर्वेक्षण में रायपुर के दो वार्डों ने भी अपनी जगह बनाई है। वार्ड- 46 को 30 हजार से अधिक आबादी वाली श्रेणी में स्थान मिला है। वहीं वार्ड- 30 को 10 हजार से 30 हजार आबादी वाली श्रेणी में जगह मिली है। इससे पता चलता है कि शहर में वायु गुणवत्ता सुधारने की कोशिशें केवल पूरे शहर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वार्ड स्तर पर भी काम किया जा रहा है।

