Commonwealth Games 2026 का समापन, भारत को 2030 मेजबानी की मशाल सौंपी गई, नीरज-पीटी ऊषा को ध्वज मिला

Commonwealth Games 2026: 39 मेडल के साथ भारत चौथे स्थान पर, Boxing में चमका दम, 2030 Games की मेजबानी का स्वागत

Commonwealth Games 2026 का समापन, भारत को 2030 मेजबानी की मशाल सौंपी गई, नीरज-पीटी ऊषा को ध्वज मिला

Glasgow में 11 दिनों तक चले Commonwealth Games 2026 का रंगारंग समापन हो गया। OVO Hydro Arena में आयोजित क्लोजिंग सेरेमनी में भारत के लिए खास पल तब आया, जब Commonwealth Sport के अध्यक्ष Dr. Donald Rukare ने साल 2030 के खेलों की मेजबानी की प्रतीकात्मक मशाल भारत को सौंपी।

इस मौके पर Neeraj Chopra, Indian Olympic Association की अध्यक्ष PT Usha और Gujarat के उपमुख्यमंत्री Harsh Sanghavi मौजूद रहे। क्लोजिंग सेरेमनी में भारतीय संस्कृति की शानदार झलक भी देखने को मिली। Shankar Mahadevan, Manushi Chhillar, Rishab Rikhiram और Bhumi Trivedi ने अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों का दिल जीत लिया।

भारतीय संस्कृति से हुआ 2030 Games का स्वागत

समारोह के अंतिम चरण में भारत ने अपनी सांस्कृतिक विरासत की झलक पेश की। प्रसिद्ध गायक Shankar Mahadevan ने 'Ae Watan', 'Bhag Milkha Bhag' और अपने बेटों Siddharth और Shivam Mahadevan के साथ 'Parcham Lehra Do' गीत पर प्रस्तुति दी।

साल 2017 की Miss World Manushi Chhillar ने 'Vande Mataram' पर आकर्षक नृत्य प्रस्तुत किया। वहीं सितार वादक Rishab Rikhiram ने स्कॉटलैंड के कलाकार Ross Ainslie के साथ सितार और बैगपाइप की जुगलबंदी पेश की। उन्होंने Shiv Tandav Stotram की प्रस्तुति देकर भारतीय संगीत की अलग पहचान दिखाई।

Scottish संस्कृति के साथ हुआ समापन

क्लोजिंग सेरेमनी की शुरुआत ऑस्ट्रेलियाई गायिका Delta Goodrem की प्रस्तुति से हुई। इसके बाद Elephant Sessions बैंड और Shereen Cutkelvin ने स्कॉटिश संस्कृति की रंगारंग प्रस्तुति दी। पूरे समारोह में संगीत, नृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए खिलाड़ियों को विदाई दी गई।

2030 में Commonwealth Games के 100 साल पूरे होंगे

साल 2030 का Commonwealth Games कई मायनों में खास रहेगा। इसी साल इस बहु-खेल प्रतियोगिता के 100 साल पूरे होंगे। पहला Commonwealth Games वर्ष 1930 में Hamilton (Canada) में आयोजित किया गया था।

भारत दूसरी बार इन खेलों की मेजबानी करेगा। इससे पहलेसालवर्ष 2010 में New Delhi में Commonwealth Games का सफल आयोजन किया गया था। सबसे अधिक पांच बार मेजबानी Australia ने की है, जबकि Canada और Scotland चार-चार बार इन खेलों की मेजबानी कर चुके हैं।

Medal Tally में भारत चौथे स्थान पर

Commonwealth Games 2026 में भारत ने कुल 39 पदक जीते। इनमें 13 Gold, 17 Silver और 9 Bronze शामिल हैं। इस प्रदर्शन के साथ भारत पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा। Australia, England और Canada भारत से आगे रहे।

हालांकि, 2022 के Birmingham Commonwealth Games में भारत ने 61 पदक जीते थे, लेकिन इस बार तुलना अलग रही क्योंकि Glasgow Games में केवल 10 खेल शामिल थे। Badminton, Wrestling, Shooting, Hockey, Table Tennis और Cricket जैसे खेल इस संस्करण का हिस्सा नहीं थे।

Boxing बना सबसे बड़ा Medal Bank

भारत के 39 पदकों में सबसे बड़ा योगदान Boxing का रहा। भारतीय मुक्केबाजों ने 7 Gold और 3 Silver सहित कुल 10 पदक जीते। यानी भारत का लगभग हर चौथा पदक Boxing से आया। इसके अलावा Athletics में भारत ने 10 पदक जीते, लेकिन एक भी Gold Medal नहीं मिला। Weightlifting से 8, Para Athletics से 6, Judo से 4 और Para Powerlifting से 1 पदक मिला। कुल 39 में से 37 पदक केवल पांच खेलों से आए।

छोटा दल, लेकिन बेहतर सफलता

इस बार भारत ने 123 खिलाड़ियों का दल भेजा था, जबकि Birmingham 2022 में 210 खिलाड़ी शामिल थे। 123 खिलाड़ियों में से 38 खिलाड़ी पदक जीतने में सफल रहे। इस तरह भारत का Success Rate 31% रहा, जो 2022 के 29% से बेहतर है।

कम खेलों और छोटे दल के बावजूद भारत का चौथे स्थान पर रहना इस बात का संकेत है कि खिलाड़ियों ने उपलब्ध अवसरों का बेहतर उपयोग किया। अब देश की नजर साल 2030 Commonwealth Games पर है, जब भारत एक बार फिर इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता की मेजबानी करेगा।