Datia उपचुनाव नतीजों से पहले Congress का बड़ा एक्शन, पूर्व विधायक Rajendra Bharti सस्पेंड

Datia में बढ़ी Congress की मुश्किलें, शिकायत के बाद पार्टी ने लिया बड़ा एक्शन, पूर्व विधायक सस्पेंड, Rajendra Bharti पर भितरघात के आरोप के बाद हुई कार्रवाई

Datia उपचुनाव नतीजों से पहले Congress का बड़ा एक्शन, पूर्व विधायक Rajendra Bharti सस्पेंड

Datia विधानसभा उपचुनाव के नतीजे आने से ठीक एक दिन पहले Congress ने बड़ा संगठनात्मक फैसला लेते हुए पूर्व विधायक Rajendra Bharti को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है जब Datia उपचुनाव के नतीजों का इंतजार किया जा रहा है और BJP और Congress के बीच मुकाबला बेहद अहम माना जा रहा है।

पार्टी का यह कदम चुनाव के दौरान सामने आए भितरघात के आरोपों के बाद उठाया गया है। Congress उम्मीदवार Kunwar Ghanshyam Singh ने मतदान के बाद पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से शिकायत करते हुए Rajendra Bharti पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाया था।

Harish Chaudhary ने जारी किया निलंबन आदेश

Rajendra Bharti के निलंबन का आदेश Congress के राष्ट्रीय महासचिव और Madhya Pradesh प्रभारी Harish Chaudhary ने जारी किया। आदेश में Rajendra Bharti को प्राथमिक सदस्यता से तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की बात कही गई है। यह फैसला Datia उपचुनाव के परिणाम आने से पहले लिया गया, जिससे प्रदेश की राजनीति में नई चर्चा शुरू हो गई है।

Ghanshyam Singh ने की थी लिखित शिकायत

Congress उम्मीदवार Kunwar Ghanshyam Singh ने 30 जुलाई को मतदान समाप्त होने के बाद पार्टी अध्यक्ष Mallikarjun Kharge सहित कई वरिष्ठ नेताओं को लिखित शिकायत भेजी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि Rajendra Bharti ने पूरे चुनाव के दौरान पार्टी के खिलाफ काम किया।

उनके अनुसार चुनाव प्रचार से लेकर मतदान तक Bharti ने Congress प्रत्याशी का साथ नहीं दिया और अंदरूनी तौर पर पार्टी को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की। Ghanshyam Singh ने शिकायत में Rajendra Bharti को पार्टी से बाहर करने की भी मांग की थी।

Datia में सामने आई Congress की अंदरूनी कलह

Datia उपचुनाव के दौरान Congress की अंदरूनी खींचतान खुलकर सामने आई। Ghanshyam Singh ने आरोप लगाया कि Rajendra Bharti ने BJP नेताओं के साथ मिलकर काम किया और उन्हें भाजपा से आर्थिक सहयोग मिला।

उन्होंने दावा किया कि Bharti के समर्थकों और करीबी लोगों के माध्यम से मतदाताओं के बीच पैसा बांटकर Congress को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई। इन आरोपों की जानकारी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और राष्ट्रीय नेतृत्व को भी दी गई थी। हालांकि, इन आरोपों को लेकर पार्टी की ओर से सार्वजनिक रूप से कोई विस्तृत टिप्पणी नहीं की गई, लेकिन निलंबन के फैसले को इसी विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है।

Rajendra Bharti ने सभी आरोपों को बताया बेबुनियाद

Rajendra Bharti ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि Ghanshyam Singh अपनी संभावित हार से घबराए हुए हैं और उसी डर के कारण इस तरह के आरोप लगा रहे हैं।

Bharti ने कहा कि जो लोग खुद कमजोर स्थिति में होते हैं, वे दूसरों पर आरोप लगाकर अपनी जिम्मेदारी से बचने की कोशिश करते हैं। उन्होंने दावा किया कि Datia की जनता उनके राजनीतिक जीवन और संघर्ष को अच्छी तरह जानती है।

Ghanshyam Singh ने लगाए गंभीर आरोप

Ghanshyam Singh ने कहा कि Rajendra Bharti ने ऐसी राजनीतिक जमीन तैयार की जो भ्रष्टाचार और निजी स्वार्थ पर आधारित थी। उनका आरोप है कि विधायक रहने के दौरान Bharti ने जनता और Congress कार्यकर्ताओं की अनदेखी की।

उन्होंने यह भी कहा कि विधानसभा में सवाल पूछने का इस्तेमाल निजी हितों के लिए किया गया और प्रशासनिक अधिकारियों पर दबाव बनाने की कोशिश की गई। Ghanshyam Singh का दावा है कि Rajendra Bharti ने कभी सार्वजनिक मंच से Chief Minister Mohan Yadav, Narendra Singh Tomar, Jyotiraditya Scindia या Kailash Vijayvargiya की आलोचना नहीं की।

Narottam Mishra को लेकर भी लगाए आरोप

राजनीतिक विवाद उस समय और बढ़ गया जब Rajendra Bharti ने पलटवार करते हुए पूर्व गृह मंत्री Dr. Narottam Mishra का नाम भी इस पूरे मामले में जोड़ दिया।

Bharti ने दावा किया कि Ghanshyam Singh ने Dr. Narottam Mishra की सहमति से चुनाव लड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी प्रबंधन और फंड मैनेजमेंट में भी Narottam Mishra से जुड़े लोगों की भूमिका रही। हालांकि, इन आरोपों पर Ghanshyam Singh या BJP की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

2028 चुनाव को लेकर भी किया दावा

Rajendra Bharti ने यह भी दावा किया कि चुनाव के दौरान Ghanshyam Singh ने उनसे मुलाकात कर प्रस्ताव दिया था कि वे इस बार Datia से चुनाव लड़ रहे हैं और साल 2028 में Seondha विधानसभा सीट से चुनाव लड़ेंगे, जिससे Datia सीट Bharti के लिए खाली रहे।

Bharti के अनुसार उन्होंने इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया। दूसरी ओर Ghanshyam Singh की ओर से इस दावे पर कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

Ashutosh Tiwari ने टिप्पणी से किया इनकार

Congress की इस कार्रवाई पर BJP उम्मीदवार Ashutosh Tiwari ने कहा कि यह Congress का अंदरूनी मामला है। उन्होंने कहा कि वह किसी दूसरे दल के पारिवारिक या संगठनात्मक मामलों पर टिप्पणी करना उचित नहीं समझते।

उन्होंने केवल इतना कहा कि जनता ने अपना फैसला मतदान के जरिए दे दिया है और अब सभी की नजर मतगणना और परिणाम पर है।

आज आएंगे Datia उपचुनाव के नतीजे

Datia विधानसभा उपचुनाव में 30 जुलाई को 71.44 प्रतिशत मतदान हुआ था। यह मतदान प्रतिशत 2023 के विधानसभा चुनाव की तुलना में लगभग 9 प्रतिशत कम रहा। इस सीट पर मुख्य मुकाबला BJP के Ashutosh Tiwari और Congress के Kunwar Ghanshyam Singh के बीच माना जा रहा है।

मतगणना के साथ ही यह भी साफ हो जाएगा कि Congress की अंदरूनी कलह का चुनाव परिणाम पर कितना असर पड़ा। वहीं Rajendra Bharti के निलंबन ने नतीजों से पहले ही Datia की राजनीति को और गर्मा दिया है।