मार्च 2024 में बना 55 लाख का पुल पहली बारिश में क्षतिग्रस्त, कलेक्टर-एसपी ने किया निरीक्षण

आवागमन पूरी तरह बंद, तकनीकी जांच के लिए कमेटी गठित; निर्माण गुणवत्ता समेत अन्य पहलुओं की होगी जांच

मार्च 2024 में बना 55 लाख का पुल पहली बारिश में क्षतिग्रस्त, कलेक्टर-एसपी ने किया निरीक्षण

Maihar। जिले के जरियारी-नादन मार्ग पर करीब 55 लाख रुपये की लागत से मार्च 2024 में निर्मित पुल लगातार बारिश के बीच क्षतिग्रस्त हो गया। पुल का एक हिस्सा धंसने के साथ सड़क भी क्षतिग्रस्त हुई है।

पुल के क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिलने पर गुरुवार को कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी और पुलिस अधीक्षक अवधेश प्रताप सिंह ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। पुल का निर्माण नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण (NDVA) द्वारा कराया गया था।

निरीक्षण के दौरान पुल के पिलर के नीचे मिट्टी धंसने और सपोर्टिंग मिट्टी के कटाव की स्थिति सामने आई। पुल की साइड वॉल में दरारें भी दिखाई दीं। सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन ने पुल पर आवागमन पूरी तरह बंद करा दिया है।

कलेक्टर ने अधिकारियों को पुल के दोनों ओर बैरिकेडिंग कर आवाजाही रोकने और स्थानीय लोगों से क्षतिग्रस्त पुल का उपयोग नहीं करने की अपील करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीणों को वैकल्पिक मार्ग से आवागमन करने सहित वैकल्पिक मार्ग के आवश्यक रखरखाव के भी निर्देश दिए।

पुलिस अधीक्षक अवधेश प्रताप सिंह ने NDVA अधिकारियों को पुल के आसपास तत्काल मजबूत सीमेंटेड बैरिकेडिंग लगाने के निर्देश दिए, ताकि कोई व्यक्ति या वाहन गलती से भी क्षतिग्रस्त पुल की ओर न पहुंच सके।

कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने पुल के क्षतिग्रस्त होने के कारणों की जांच के लिए तकनीकी जांच कमेटी गठित की है। कमेटी पुल की संरचना, पिलर के नीचे मिट्टी के कटाव, निर्माण गुणवत्ता सहित अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

उल्लेखनीय है कि पुल का निर्माण मार्च 2024 में पूरा हुआ था और निर्माण एजेंसी फलोदी बताई गई है। इतनी कम अवधि में पुल के क्षतिग्रस्त होने से निर्माण गुणवत्ता और तकनीकी मानकों को लेकर सवाल उठ रहे हैं।

तकनीकी जांच रिपोर्ट के बाद ही पुल क्षतिग्रस्त होने के वास्तविक कारण स्पष्ट हो सकेंगे। प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे अपनी सुरक्षा के लिए क्षतिग्रस्त पुल का उपयोग बिल्कुल न करें और निर्धारित वैकल्पिक मार्ग से ही आवागमन करें।