श्रद्धा और उल्लास के साथ निकली भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा, जयघोष से गूंजा शहर

हजारों श्रद्धालुओं ने खींचा भगवान जगन्नाथ का रथ लोगों ने किया स्वागत, Rewa में पुष्पवर्षा और भजन-कीर्तन से भक्तिमय हुआ माहौल

श्रद्धा और उल्लास के साथ निकली भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा, जयघोष से गूंजा शहर

Rewa। भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा शुक्रवार को श्रद्धा, आस्था और उत्साह के साथ निकाली गई। भगवान जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा को आकर्षक ढंग से सुसज्जित रथ में विराजमान कर नगर भ्रमण कराया गया। रथ यात्रा का शुभारंभ लक्ष्मणबाग से हुआ और किला परिसर पहुंचने पर परंपरा के अनुसार भगवान का भव्य स्वागत किया गया। इसके बाद यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई आगे बढ़ी, जहां हजारों श्रद्धालु भगवान के दर्शन के लिए उमड़ पड़े।

जय जगन्नाथ के जयघोष से गूंजा शहर

पूरे मार्ग में "जय जगन्नाथ" के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं ने भगवान के रथ को खींचकर पुण्य लाभ अर्जित किया। जगह-जगह श्रद्धालुओं और सामाजिक संगठनों ने पुष्पवर्षा कर रथ यात्रा का स्वागत किया। यात्रा में शामिल भक्त ढोल-नगाड़ों और धार्मिक धुनों पर नाचते-गाते आगे बढ़ते रहे। भजन-कीर्तन मंडलियों ने भगवान जगन्नाथ की महिमा का गुणगान कर माहौल को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया।

सेवा कार्यों ने बढ़ाई आयोजन की भव्यता

रथ यात्रा के मार्ग में विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों की ओर से श्रद्धालुओं के लिए शीतल पेयजल, शरबत और प्रसाद वितरण की व्यवस्था की गई। कई स्थानों पर भगवान की आरती उतारी गई और श्रद्धालुओं ने परिवार की सुख-समृद्धि तथा प्रदेश की खुशहाली की कामना की। महिलाओं, युवाओं और बच्चों की बड़ी संख्या यात्रा में शामिल रही, जिससे आयोजन का उत्साह और भी बढ़ गया।

सनातन परंपरा का प्रमुख धार्मिक उत्सव

आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा सनातन परंपरा का एक प्रमुख धार्मिक उत्सव है। मान्यता है कि इस दिन भगवान जगन्नाथ अपने भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ भक्तों का हाल-चाल जानने नगर भ्रमण पर निकलते हैं। रथ खींचने और भगवान के दर्शन करने से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। इसी धार्मिक आस्था के चलते हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस यात्रा में शामिल होते हैं।

सुरक्षा के रहे व्यापक इंतजाम

रथ यात्रा को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। प्रमुख चौराहों और संवेदनशील मार्गों पर पुलिस बल तैनात रहा, जबकि यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष प्रबंध किए गए। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं में उत्साह के साथ अनुशासन भी देखने को मिला। भगवान जगन्नाथ के दर्शन के लिए शहरभर से पहुंचे श्रद्धालुओं ने श्रद्धा भाव से पूजा-अर्चना कर सुख, समृद्धि और समाज में शांति की कामना की।