पुरुषोत्तम मास मेले में बिगड़े हालात, श्रद्धालु परेशान, पुलिस बनी मूकदर्शक

मऊगंज के सुप्रसिद्ध ऐतिहासिक देवतालाब शिव मंदिर में चल रहे पुरुषोत्तम मास मेले में पुलिस के ढुलमुल रवैये के कारण अव्यवस्था चरम पर पहुंच गई है। पुलिस की लापरवाही और मेला प्रबंधन की नाकामी के चलते यह पवित्र मेला श्रद्धालुओं के लिए लूट और परेशानी का अड्डा बन चुका है। अधिमास मेले के हालात इतने खराब हैं कि एक तरफ जहां मेला प्रबंधन द्वारा मेला प्रारंभ से पूर्व बनाई गई कार्य योजना का पालन नहीं किया जा रहा, वहीं राह चलते लोगों से वाहन स्टैंड के नाम पर न केवल अवैध वसूली का खेल चल रहा है, बल्कि श्रद्धालुओं के साथ दुर्व्यवहार भी किया जाता है।

पुरुषोत्तम मास मेले में बिगड़े हालात, श्रद्धालु परेशान, पुलिस बनी मूकदर्शक
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रिपोर्टर- राजेंद्र पयासी

लौर थाना पुलिस के गैर-जिम्मेदाराना रवैये के कारण नईगढ़ी रोड पेट्रोल पंप से मंदिर तक करीब आधा किलोमीटर लंबी सड़क पर रोजाना भीषण जाम लग रहा है। इस जाम में श्रद्धालुओं के साथ मरीज और एम्बुलेंस भी घंटों फंस रहे हैं।

पुरुषोत्तम मास के शुभ अवसर पर दूरदराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए वाहन पार्किंग हेतु अलग-अलग स्टैंड बनाए गए हैं, जहां पार्किंग में वाहन खड़े करने के लिए निर्धारित रेट तय किए गए हैं। लेकिन यहां के हालात कुछ अलग हैं, वाहन पार्किंग में एक भी वाहन नजर नहीं आता, फिर भी नईगढ़ी-देवतालाब मार्ग से गुजरने वाले हर छोटे-बड़े, दोपहिया और चारपहिया वाहनों से खुलेआम अवैध वसूली का दौर अनवरत जारी है।

हालात इतने खराब हैं कि यदि पार्किंग में काम कर रहे लठैतों से कोई श्रद्धालु अवैध वसूली की बात करता है तो उसे बदसलूकी का सामना करना पड़ता है। क्षेत्र के लोगों ने कहा कि यहां कुछ स्थानीय लोगों का एकाधिकार है, जिसके चलते आम श्रद्धालुओं को सुविधाओं की जगह लूट और बदसलूकी का सामना करना पड़ता है। वर्तमान समय में चल रहे मेला व्यवस्था की जमीनी हकीकत देखी जाए तो मंदिर को जाने वाले मुख्य मार्ग का मुहाना वाहन स्टैंड में तब्दील कर दिया गया है।

हैरानी की बात यह है कि गनिगवा में निर्धारित वाहन स्टैंड खाली पड़ा है, फिर भी स्टैंड के नाम पर श्रद्धालुओं से जबरन वसूली की जा रही है और प्रतिबंधित क्षेत्र मंदिर मार्ग गेट को वाहन स्टैंड में परिवर्तित कर दिया गया है।

पुलिस की चुप्पी के कारण मेला व्यवस्था के बिगड़े हालात

भगवान भोलेनाथ को जल चढ़ाने आने वाले भक्तजनों का आरोप है कि मेला प्रशासन के निर्णयों का पुलिस पालन नहीं करा रही। रसूखदारों के लिए विशेष रास्ते और व्यवस्था है, जबकि आम तीर्थयात्रियों और स्थानीय नागरिकों के साथ सौतेला व्यवहार हो रहा है। दुकानदारों ने सड़क पर दुकानदारी फैला रखी है। ठेले वाले भी बीच सड़क पर खड़े होकर व्यवसाय कर रहे हैं, ऑटो रिक्शा पूरे मंदिर परिसर में धमा चौकड़ी मचा रहे हैं। रसूखदारों के दोपहिया और चारपहिया वाहन प्रतिबंधित क्षेत्र में खड़े नजर आते हैं, लेकिन लौर थाना पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है।

चोर-बदमाशों का आतंक, आए दिन घट रही घटनाएं

पुलिस बल की कमी और निष्क्रियता का फायदा उठाकर चोर-उचक्के सक्रिय हो गए हैं। शुक्रवार 5 जून को ही मंदिर परिसर में महिलाओं के गले से सोने के मंगलसूत्र और चेन गायब हो गए। आरोप है कि स्थानीय पुलिस की अनदेखी से ऐसी घटनाएं हो रही हैं, लेकिन लौर थाना पुलिस कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रही है। पुलिस की ढुलमुल रवैये के कारण आम श्रद्धालुओं को सड़क से लेकर मंदिर परिसर तक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

श्रद्धालुओं ने कहा- जीवन में इतनी अव्यवस्था नहीं देखी

प्रसिद्ध शिवधाम देवतालाब, जहां का इतिहास रहा है कि हर दिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु भगवान सोमनाथ को जल चढ़ाने आते हैं। आषाढ़, सावन, फाल्गुन, महाशिवरात्रि, पुरुषोत्तम मास तथा हर त्रयोदशी को भक्तों की भारी भीड़ लगती है। विशेष पर्वों के लिए प्रशासन द्वारा बेहतर इंतजाम होते रहे हैं। इस वर्ष भी अधिमास मेले को लेकर प्रशासन द्वारा विशेष कार्य योजना बनाई गई, लेकिन एक माह के इस मेले का अधिकतर समय गुजर चुका है फिर भी वह व्यवस्था नहीं बन पाई जिसकी कार्य योजना बनाई गई थी।

स्थानीय पुलिस द्वारा ध्यान न दिए जाने के कारण सड़क से लेकर मंदिर परिसर तक अव्यवस्थाओं का अंबार लगा हुआ है। लौर थाना पुलिस की अनदेखी से निर्मित समस्या को लेकर दूर-दराज से आए तीर्थयात्रियों ने कहा कि अपने जीवनकाल में इतनी बड़ी अव्यवस्था कभी नहीं देखी। हालात यह हैं कि समस्या के निदान के लिए न पुलिस प्रशासन सामने आ रहा है और न ही स्थानीय अन्य जिम्मेदार। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पुलिस की निष्क्रियता के कारण देवतालाब की धार्मिक आस्था और प्रसिद्धि पर दाग लग रहा है। श्रद्धालुओं ने कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक से तत्काल हस्तक्षेप कर व्यवस्था सुधारने की मांग की है।

इन्होंने कहा-

"वाहन पार्किंग से लेकर मेला परिसर में अव्यवस्था की बात संज्ञान में आई है। आवागमन, वाहन पार्किंग सहित मेला क्षेत्र में बेहतर व्यवस्था बनाए जाने हेतु स्थानीय प्रबंधन एवं लौर थाना प्रभारी को निर्देशित किया गया है।"

एपी द्विवेदी
एसडीएम मऊगंज