सतना में भाजपा दफ्तर घेरने पहुंचे युवा कांग्रेस कार्यकर्ता, वाटर कैनन के बीच अध्यक्ष वरुण गुर्जर का पैर टूटा

सतना में भाजपा कार्यालय घेरने पहुंचे युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने वाटर कैनन चलाया. प्रदर्शन के दौरान युवा कांग्रेस अध्यक्ष वरुण गुर्जर का पैर टूट गया. पेपर लीक और मीनाक्षी नटराजन के नामांकन को लेकर हुआ प्रदर्शन.

सतना में भाजपा दफ्तर घेरने पहुंचे युवा कांग्रेस कार्यकर्ता, वाटर कैनन के बीच अध्यक्ष वरुण गुर्जर का पैर टूटा

सतना। मध्य प्रदेश के सतना में सोमवार को युवा कांग्रेस का प्रदर्शन उस समय हंगामे में बदल गया, जब भाजपा जिला कार्यालय के घेराव के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। इस दौरान बैरिकेड फांदने की कोशिश कर रहे युवा कांग्रेस अध्यक्ष वरुण गुर्जर घायल हो गए। बताया जा रहा है कि उनके पैर में फ्रैक्चर हुआ है।

युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने और प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों के विरोध में भाजपा कार्यालय का घेराव करने पहुंचे थे। बड़ी संख्या में कार्यकर्ता हाथों में झंडे और तख्तियां लेकर प्रदर्शन में शामिल हुए।

प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने "पेपर लीक सरकार होश में आओ", "युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बंद करो" और "लोकतंत्र की हत्या बंद करो" जैसे नारे लगाए। भाजपा कार्यालय पहुंचने से पहले ही पुलिस ने बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को रोक दिया।

मौके पर एसडीएम सिटी राहुल सिलाडिया, सीएसपी देवेंद्र प्रताप सिंह सहित भारी पुलिस बल तैनात था। इसी दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड पार करने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो गई।

स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। बाद में हल्का बल प्रयोग कर भीड़ को पीछे धकेला गया। इसी अफरा-तफरी के बीच युवा कांग्रेस अध्यक्ष वरुण गुर्जर बैरिकेड फांदने की कोशिश में घायल हो गए। उन्हें तुरंत इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनके पैर में फ्रैक्चर की पुष्टि की।

प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे युवा कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार पर विपक्ष की आवाज दबाने और युवाओं के मुद्दों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाओं से युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है, लेकिन सरकार इस पर गंभीरता से कार्रवाई नहीं कर रही है।

प्रदर्शन के कारण भरहुत नगर इलाके में कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा। हालांकि बाद में पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित कर लिया।