मंत्री के सरकारी कार्यक्रम में परोसा गया नॉनवेज, मचा बवाल

मध्यप्रदेश सरकार में मंत्री दिलीप जायसवाल की सरकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस में नॉनवेज खाना परोसा गया। अब यह प्रेस कॉन्फ्रेंस चर्चा का विषय बन गई है।

मंत्री के सरकारी कार्यक्रम में परोसा गया नॉनवेज, मचा बवाल

भोपाल:मध्यप्रदेश सरकार के मंत्री की प्रेस कॉन्फ्रेंस में नॉनवेज परोसे जाने को लेकर हंगामा हो गया सरकार की दो वर्ष की उपलब्धियां गिनाने के लिए राज्यमंत्री दिलीप जायसवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई थी। इस दौरान लोगों को कीमा वड़ा पाव और फिश कटलेट परोस दिया गया। अनजाने में कई लोगों ने इसे खा भी लिया लेकिन जैसे ही उन्होंने असलियत का पता चला तो हंगामा मच गया। अनजाने में नॉनवेज खाने वाले लोग धर्म भ्रष्ट होने की दुहाई देने लगे। दरअसल शनिवार को मध्यप्रदेश सरकार में कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिलीप जायसवाल ने अपने विभाग की दो वर्ष की उपलब्धियों को लेकर आयोजित पत्रकार वार्ता में दो सालों का रिपोर्ट कार्ड पेश कर रहे थे। लेकिन यह प्रेस कॉन्फ्रेंस चर्चा का विषय बन गई है। 

देवास में धागा उत्पादन का प्लांट होगा स्थापित

मंत्री दिलीप जायसवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि खादी, हथकरघा और रेशम जैसे क्षेत्रों में 50 हजार से अधिक लोगों को रोजगार से जोड़कर लाभान्वित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत खादी उद्योग से जुड़े लोगों को 5 लाख से 50 लाख रुपये तक का ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। आगामी तीन वर्षों में खादी उत्पादन केंद्रों पर नए चरखे और करघे लगाए जाएंगे आगे उन्होनें कहा कि वहीं खादी एम्पोरियम में तैयार होने वाले सरसों की कच्ची घानी के तेल की बढ़ती मांग को देखते हुए उसकी उत्पादन क्षमता पांच गुना बढ़ाने के लिए वित्तीय सहायता दी जा रही है। देवास में धागा उत्पादन का नया प्लांट एक वर्ष के भीतर स्थापित किया जाएगा, जिससे धागा सस्ता होगा और कपड़ों की लागत भी कम आएगी, साथ ही एमपी नगर में खादी से संबंधित नया मॉल विकसित किया जाएगा।

छोटे बुनकरों को मिलेगा रोजगार

उन्होंने कहा कि खादी एवं ग्राम उद्योग देश का सबसे पुराना उद्योग है, जिसने कारखानों के अभाव में भी समाज को वस्त्र उपलब्ध कराए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खादी अपनाने के आह्वान से छोटे बुनकरों को रोजगार मिल रहा है। सरकार द्वारा माटी कला शिल्पियों को निःशुल्क स्थान उपलब्ध कराकर उन्हें व्यापार के अवसर दिए गए हैं तथा टेराकोटा, रेशम और खादी उद्योग के विस्तार के माध्यम से रोजगार सृजन के लिए सरकार लगातार प्रयासरत है।